कोरोना से जुड़ा यह चौंकाने वाला आंकड़ा

पटना (TBN – The Bihar Now डेस्क)| राज्य में बढ़ रहे कोरोना संक्रमण के बीच एक बात उभर कर सामने आई है कि तीसरी लहर में महिलाओं की अपेक्षा पुरुष ज्यादा संक्रमित (in third phase of corona male getting more infected than female in Bihar) हो रहे हैं. पिछले 10 दिनों की बात करें तो संक्रमित होने वाले पुरुषों की संख्या 66.9% है जबकि महिलाओं की संख्या 33.1% है.

मंगलवार को स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत (Additional Chief Secretary Pratyaya Amrit) ने एक प्रेस कांफ्रेस में बताया कि राज्य में कोरोना की तीसरी लहर में महिलाएं पुरुषों की अपेक्षा काफी सुरक्षित रही हैं.

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उन्होंने बताया कि 38 जिलों में इस बार अभी तक 20 से 29 साल के लोगों में सबसे अधिक, 28% संक्रमण हुआ है. अपर मुख्य सचिव ने लोगों को मास्क और सोशल डिस्टेंस को लेकर अलर्ट किया है.

आइए जानते हैं पिछले 10 दिनों में संक्रमण का विवरण

10 दिनों में महिला में संक्रमण – 33.1%
10 दिनों में पुरुषों में संक्रमण – 66.9%

उम्र के हिसाब से जानिए बिहार में संक्रमण

20 से 29 वर्ष के उम्र वालों में संक्रमण – 28%
30 से 39 वर्ष के उम्र वालों में संक्रमण – 23.9%
40 से 49 वर्ष के उम्र वालों में संक्रमण – 15.2%
50 से 59 वर्ष के उम्र वालों में संक्रमण – 12.5%
60 प्लस वालों में संक्रमण – 8.6%
0 से 9 वर्ष वालों में संक्रमण – 1.9%
10 से 19 वर्ष वालों में संक्रमण – 10%

संक्रमण से संबंधित सबसे बड़ी राहत

कोरोना संक्रमण की बात करें तो अभी तक राहत की बात है कि संक्रमण की दर बच्चों और वृद्ध लोगों में काफी कम है. वैसे 60 साल से ज्यादा उम्र वालों में कोरोना के संक्रमण होने का खतरा अधिक होता है. कोरोना से ज्यादातर ऐसे लोगों की ही जान भी जाती है. लेकिन पिछले 10 दिनों के दौरान 60 साल से ऊपर वालों में संक्रमण का आंकड़ा कम ही रहा है जो खुद में एक राहतभरी बात है. इसी तरह से बच्चों में भी संक्रमण का आंकड़ा काफी कम रहा है.

मंगलवार को स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने राज्य में संक्रमण का डेटा जारी करते हुए बताया कि इस बार यूथ और अच्छी इम्युनिटी वालों में संक्रमण अधिक है. यूथ और अच्छी इम्युनिटी होने के कारण वे होम आइसोलेशन में ही कोरोना संक्रमण को मात दे रहे हैं.

अपर मुख्य सचिव ने कहा कि भले ही यह आंकड़े राहत देने वाले हैं, लेकिन वायरस के बढ़ते ग्राफ को अंडर इस्टीमेट नहीं करते हुए और न ही इसे पैनिक बनाते हुए पूरी तरह से सावधान रहना है.