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डिप्टी सीएम का पद खत्म हो, सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर

नई दिल्ली (TBN – The Bihar Now डेस्क)| विभिन्न राज्यों में नियुक्त हुए उप-मुख्यमंत्रियों की नियुक्ति के विरोध में सुप्रीम कोर्ट में एक जनहित याचिका दायर की गई है. इसमें उप-मुख्यमंत्रियों के पद को असंवैधानिक बताया गया है.

याचिका में कहा गया है कि संबंधित राज्य सरकारों ने भारत के संविधान और आर्टिकल 164 के प्रावधानों की अनदेखी करते हुए विभिन्न राज्यों में उपमुख्यमंत्रियों की नियुक्ति की है. ध्यान दें, भारतीय संविधान और संविधान का अनुच्छेद 164 में सिर्फ मुख्यमंत्री की नियुक्ति का ही प्रावधान है.

अधिवक्ता मोहन लाल शर्मा द्वारा दाखिल की गई याचिका में स्पष्ट कहा गया है, ”अगर कथित उपमुख्यमंत्री की नियुक्ति की जाती है, तो इसका नागरिक और राज्य की जनता से कोई लेना-देना नहीं होगा.”

याचिका में कहा गया है कि उपमुख्यमंत्रियों की नियुक्ति से बड़े पैमाने पर जनता में भ्रम पैदा होता है और राजनीतिक दलों द्वारा काल्पनिक विभाग बनाकर गलत और अवैध उदाहरण स्थापित किए जा रहे हैं. उपमुख्यमंत्री कोई भी स्वतंत्र निर्णय नहीं ले सकता है. हालांकि, उपमुख्यमंत्री को मुख्यमंत्री के बराबर ही दिखाया जाता है.

इसमें केंद्र सरकार से मांग की गई है कि वह राज्य के राज्यपालों से देश में कथित उपमुख्यमंत्रियों को शपथ दिलाने वाली ऐसी असंवैधानिक नियुक्तियों के खिलाफ कदम उठाए.

बता दें, कांग्रेस नेता अनुग्रह नारायण सिंह संभवत: देश के पहले डिप्टी सीएम थे. अभी तक देश के कुल 13 राज्यों में उपमुख्यमंत्री थे. बिहार 14वां राज्य है, जहां दो उपमुख्यमंत्री बने हैं. आंध्र प्रदेश ऐसा राज्य है, जहां सर्वाधिक पांच उपमुख्यमंत्री हैं. जगनमोहन रेड्डी की सरकार में पांच डिप्टी सीएम काम कर रहे हैं. सारे अलग-अलग समुदाय से आते हैं और राज्य की सियासत में धमक है.

12 फरवरी को मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली पीठ इस याचिका पर सुनवाई करेगी.

भारत की राजनीति पर निगाह डालें तो गठबंधन की सरकारों में सत्ता संतुलन के लिए डिप्टी सीएम बनाने की परंपरा रही है. हाल के सालों में तो डिप्टी सीएम बनाने का चलन तेजी से बढ़ा है. कुछ वक्त पहले ही जिन-चार राज्यों- मध्य प्रदेश, राजस्थान, तेलंगाना और छत्तीसगढ़ में चुनाव हुए, सब में डिप्टी सीएम (Deputy Chief Minister) बनाए गए. हालांकि दिलचस्प बात यह है कि संविधान में डिप्टी सीएम या उपमुख्यमंत्री नाम का कोई पद ही नहीं है.

(इनपुट-न्यूज)