नियोजित शिक्षक : प्रमोशन और ट्रांसफर के लाभ वाली सेवा नियमावली जुलाई से होगी लागू

niyojit shikshakon ka pramoshan aur traansaphar ke laabh vaalee seva niyamaavalee julaee se hogee laagoo

पटना (TBN रिपोर्ट) | राज्य के सभी 3.57 लाख नियोजित शिक्षकों को अब प्रमोशन और ट्रांसफर का लाभ मिलेगा. इस बावत बिहार के शिक्षा विभाग ने सेवा शर्त नियमावली का ड्राफ्ट तैयार कर लिया है.

बताते चले कि शिक्षा विभाग के सेवा शर्त नियमावली के इस ड्राफ्ट में राज्य के 3.57 लाख नियोजित शिक्षकों को प्रोन्नति (Promotion) और तबादला से संबंधित नियम समाहित किये गए हैं. इस नियमावली के जारी होते ही नियोजित शिक्षकों के तबादले जिला स्तर पर भी हो पाएंगे.

संशोधित रूप से नियोजित शिक्षकों के लिए बनाई गई सेवा शर्त नियमावली का यह ड्राफ्ट, जिसे शिक्षा विभाग ने तैयार कर लिया है, संभवतः जुलाई तक लागू होने की उम्मीद है. इस ड्राफ्ट को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार द्वारा स्वीकार करने का इंतजार है.

पिछले दिनों नियोजित शिक्षकों के हड़ताल की समाप्ती के बाद सेवाशर्त लागू करने के प्रयास तेज हो गए हैं. नियोजित शिक्षकों के लिए सेवाशर्त लागू होने के बाद न ही उनको पुराने शिक्षकों की तरह वेतनमान मिलेगा और न ही पुरानी सेवाशर्त लागू होगी.

सरकार ने वेतन देने का आदेश जारी किया

जैसा की मालूम है, विभाग द्वारा हड़ताल खत्म होने के बाद शिक्षकों के फरवरी माह में उनके कार्य अवधि के अनुसार वेतन के भुगतान का आदेश दे दिया गया है. वहीं,इन शिक्षकों को उनके हड़ताल अवधि के वेतन का भुगतान के लिए विभाग दूसरा आदेश जारी करेगा.

चूंकि लॉकडाउन के कारण अभी विद्यालय बंद हैं, हड़ताल से वापस ड्यूटी पर लौटे शिक्षक अपना योगदान करने की स्थिति में नहीं हैं. इसलिए सरकार ने इनके योगदान के लिए इस प्रकार की व्यवस्था की है –

इस व्यवस्था में माध्यमिक शिक्षक, उच्च माध्यमिक शिक्षक, पुस्तकालय अध्यक्ष जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (DPO) का कार्यालय अथवा जिस प्रखंड में माध्यमिक, उच्च माध्यमिक विद्यालय है, वहां के प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी (BEO) के कार्यालय में अपना योगदान दे सकते हैं.

वहीं प्रारंभिक शिक्षक अपने प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी (BEO) के कार्यालय या जिला कार्यक्रम पदाधिकारी स्थापना के कार्यालय में योगदान कर सकते हैं.

लेकिन जो शिक्षक लॉकडाउन के कारण अपने विद्यालय से दूर किसी भी स्थान पर फंसे हुए हैं, वे सामान्य प्रशासन विभाग के दिशा निर्देश के तहत स्थानीय जिला पदाधिकारी से यात्रा पास प्राप्त कर सकते हैं. यात्रा पास प्राप्त करने के बाद वे अपने मुख्यालय में अपना योगदान दे सकते हैं.

इस संबंध में शिक्षा विभाग के अपर सचिव गिरिवर दयाल सिंह के द्वारा बुधवार को सभी डीईओ (DEO), डीपीओ (स्थापना) व डीपीओ (माध्यमिक शिक्षा) को पत्र भेजा जा चुका है.