नहीं रहे रामविलास पासवान, लोजपा के लिए दुखद समय

पटना / नई दिल्ली (TBN – The Bihar Now डेस्क) | बिहार की राजनीति में एक बहुत बड़ी दुखद खबर सामने आ रही है. दिल्ली के एक अस्पताल में भर्ती केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान (Ram Vilas Paswan) का निधन हो गया है. उनके पुत्र चिराग पासवान (Chirag Paswan) ने ट्वीट करके इसकी जानकारी दी. चिराग ने ट्वीट कर कहा कि “पापा….अब आप इस दुनिया में नहीं हैं लेकिन मुझे पता है आप जहां भी हैं हमेशा मेरे साथ हैं। Miss you Papa….”

रामविलास पासवान की उम्र 74 वर्ष थी. बिहार की राजनीति में केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान का गजब का वर्चस्व था. कई बार ऐसे मौके आए जब वो अलग-अलग मंत्रालयों में बिहार और बिहार के नेतृत्व में एक बड़ी भूमिका निभाई थी. बिहार की राजनीति में रामविलास पासवान ने दलित नेता के रूप में अपनी अमिट छाप छोड़ी है.

सूत्रों के अनुसार, हार्ट सर्जरी के बाद से ही रामविलास पासवान की स्थिति ठीक नहीं रह रही थी. नाजुक हालत होने की स्थिति में आज अचानक शाम में यह खबर आई कि रामविलास पासवान का निधन हो गया है. आपको बता दें कि फिलहाल वे कंजूमर विभाग के कैबिनेट मंत्री थे र इससे पहले भी उन्होंने अलग-अलग वक्त पर कई सारे मंत्रालय संभाले थे.

दी बिहार नाउ बिहार के इस नेता के निधन पर अपनी गहरी संवेदना प्रकट करता है.

रामविलास पासवान का जन्म 5 जुलाई 1946 को बिहार के खगड़िया जिले के शाहरबन्‍नी के एक दलित परिवार में हुआ था. पासवान की गिनती बिहार ही नहीं, बल्कि देश के कद्दावर नेताओं में की जाती थी. स्व पासवान भारतीय राजनीति में जेपी के दौर में उभरे थे. उन्होंने अपनी पढ़ाई कोसी कॉलेज और पटना यूनिवर्सिटी से पूरी की थी.

पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होंने परीक्षा पास कर 1969 में डीएसपी के तौर पर चुने गए थे. लेकिन उन्होंने राजनीति में अपने आप को जमाने की कोशिश की. मौसम विज्ञानी कहे जाने वाले राम विलास पासवान 1969 में पहली बार संयुक्त सोशलिस्ट पार्टी से विधायक बने. वे 1974 में पहली बार लोकदल के महासचिव बनाए गए.

रामविलास पासवान की दो शादियां हुई थी. पहली पत्नी राजकुमारी देवी के साथ उनका रिश्ता 1969 से 1981 तक रहा. फिर 1982 में उन्होंने रीना शर्मा से शादी की. स्व पासवान के परिवार में उनकी पत्नी के अलावा दो बेटियां – उषा और आशा पासवान और एक बेटा चिराग पासवान हैं.