विवाह में 100 से ज्यादा लोग नहीं होंगे शामिल, जानिए पूरा दिशा-निदेश

पटना (TBN – The Bihar Now डेस्क) | देश के कई भागों में एक बार फिर कोरोना संक्रमण के बढ़ते संकट को देखते हुए कल यानि 25 नवंबर को केंद्र सरकार ने 1 दिसम्बर से 31 दिसम्बर के लिए दिशा-निदेश जारी किए हैं. इसके बाद बिहार सरकार ने भी आज बड़ा निर्णय लिया है.

बिहार सरकार के गृह विभाग से निर्गत नये नियमों के अनुसार विवाह कार्यक्रमों में 100 लोगों के शामिल होने की अनुमति होगी. गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव आमिर सुबहानी के अनुसार, यह नियम आज यानि 26 नवंबर से 3 दिसम्बर तक लागू रहेगी. आइए जानते हैं आज पारित नियमों में और क्या क्या है –

बिहार सरकार ने गृह मंत्रालय भारत सरकार के द्वारा कोविड-19 का प्रसार रोकने हेतु आदेश संख्या 4O-3/2020-DM-I (A) दिनांक 25 नवंबर 2020 के माध्यम से निगरानी कंटेंटमेंट एवं सावधानी हेतु दिशा निर्देश निर्गत करते हुए कंटेनमेंट जोन में लॉक डाउन की अवधि को दिनांक 31.12.2020 तक विस्तारित किया है. इसके साथ अन्य निर्देश भी दिए गए हैं. राज्य सरकार द्वारा सम्यक विचारोपरांत गृह मंत्रालय का उपरोक्त आदेश निम्नलिखित शब्दों एवं निदेशों के साथ संपूर्ण बिहार राज्य में 31 दिसंबर 2020 तक लागू रहेगा.कंटेनमेंट जोन के बाहर दिनांक 26.11.2020 से 3.12.2020 तक वैवाहिक कार्यक्रम, कार्तिक पूर्णिमा स्नान एवं श्राद्ध क्रिया कर्म को विनियमित करने हेतु निम्न मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) जारी करने का निर्णय लिया गया है.
एतद द्वारा निम्न आदेश दिया जाता है –

वैवाहिक कार्यक्रम –

. वैवाहिक कार्यक्रम के आयोजन में अधिकतम 100 व्यक्तियों (स्टाफ सहित) की उपस्थिति की अनुमति रहेगी.
ख. वैवाहिक कार्यक्रम में शामिल सभी व्यक्ति अनिवार्यतः फेस कवर / मास्क का उपयोग करेंगे.
ग. प्रवेश के समय हाथ सैनिटाइजर से सैनिटाइज करने अथवा धोने तथा थर्मल स्क्रीनिंग की व्यवस्था करना अनिवार्य होगा.
घ. वैवाहिक कार्यक्रम स्थल के रूप में प्रयुक्त परिसर/मैदान में अक्सर स्पर्श की जाने वाली सतहों, जैसे – दरवाजे का हैंडल, माइक, कुर्सी, टेबल, नल, रेलिंग, बैरिकेडिंग आदि को समय-समय पर साफ एवं प्रभावी कीटाणुनाशक से विसंक्रमित किया जाए.
. वैवाहिक कार्यक्रम में कोविड-19 बीमारी के लक्षणों से रहित (असंक्रमित) व्यक्तियों को ही शामिल होने की अनुमति दी जाए.
. वैवाहिक कार्यक्रम के आयोजक, होटल एवं विवाह भवन प्रबंधक आगंतुकों द्वारा छोड़े गए मास्क / फेस कवर / दस्ताने के समुचित निपटान की व्यवस्था सुनिश्चित करेंगे.
. जिला प्रशासन द्वारा यह सुनिश्चित किया जाएगा कि वैवाहिक कार्यक्रम के आयोजक, होटल एवं विवाह भवन प्रबंधक इत्यादि से समन्वय स्थापित कर इस दिशा निर्देश का अनुपालन सुनिश्चित कराएंगे.
. सड़कों / मार्गों पर बैंड बाजा एवं बारात के जुलूस की अनुमति नहीं रहेगी. हालांकि वैवाहिक समारोह स्थल / परिसर में इसकी अनुमति दी जा सकेगी.

श्राद्ध कार्यक्रम –

श्राद्ध कर्म हेतु लोगों के भाग लेने की अधिकतम सीमा 25 होगी. सामाजिक दूरी, मास्क तथा कोविड-19 संबंधित दिशा निर्देशों का अनुपालन सुनिश्चित किया जाएगा.

कार्तिक पूर्णिमा स्नान कार्यक्रम –

क. जिला प्रशासन द्वारा यह सुनिश्चित किया जाएगा कि कार्तिक पूर्णिमा स्थान के संबंध में, नागरिक इकाइयों, वार्ड पार्षदों, त्रिस्तरीय पंचायत प्रतिनिधियों एवं अन्य गणमान्य व्यक्तियों से समन्वय स्थापित कर कोविड-19 के संक्रमण से बचाव के लिए केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा समय-समय पर निर्गत निर्देशों के आलोक में लोगों को जागरूक किया जाए कि भीड़-भाड़ तथा जल संक्रमित होने की स्थिति में संक्रमण फैलने का खतरा होगा. अतः लोगों को नदी घाटों पर स्नान हेतु नहीं जाने के लिए प्रेरित किया जाए.

ख. कार्तिक पूर्णिमा स्नान हेतु परिचालित बसों को विनियमित किया जाएगा.

ग. कार्तिक पूर्णिमा स्नान के दौरान 60 वर्ष से अधिक उम्र के व्यक्ति, गर्भवती महिलाएं, 10 वर्ष से कम उम्र के बच्चे, बुखार से ग्रस्त व्यक्ति एवं अन्य गंभीर बीमारियों से ग्रस्त व्यक्ति को घर में ही रहने की सलाह दी जाए.

पटना सहित इन जिलों में सख्ती

गृह मंत्रालय, भारत सरकार के द्वारा निर्गत उपरोक्त दिशा निर्देश के आलोक में समीक्षोपरांत पाया गया है कि पटना शहर में 10% से अधिक केस पॉजिटिविटी रेट (Case Positivity Rate) है तथा बेगूसराय, जमुई, वैशाली, पश्चिम चंपारण एवं सारण जिले में विगत एक सप्ताह में केस पॉजिटिविटी का रेट (Case Positivity Rate) में ज्यादा वृद्धि हुई है. अतः कोविड-19 वायरस के संक्रमण को देखते हुए पटना, बेगूसराय, वैशाली, पश्चिम चंपारण, सारण एवं जमुई जिलों में अवस्थित सभी अत्यावश्यक सेवाओं से संबंधित कार्यालयों को छोड़कर अन्य सभी सरकारी एवं निजी कार्यालयों में पदाधिकारियों / कर्मचारियों की उपस्थिति 50% तक निर्धारित करने का निर्णय लिया गया.

साथ ही पटना जिला में चलने वाले एवं पटना जिला से अन्य जिलों/राज्यों तथा अन्य जिलों/राज्यों से पटना जिला के चलने वाले सार्वजनिक वाहनों में यात्रियों की संख्या सीटों की संख्या के 50% से ज्यादा नहीं होगी.

आपदा विभाग के प्रधान सचिव और गृह सचिव ने बताया कि कोरोना का पॉजिटिव रेट जहां 10 फीसदी से अधिक है वहां के कार्यालयों में पचास फीसदी स्टाफ के साथ काम होंगे। पटना में ये संख्या 10 फीसदी से अधिक है। यहां सभी सरकारी और निजी कार्यालयों में उपस्थिति 50 फीसदी होगी। बेगूसराय, जमुई, वैशाली, पश्चिम चंपारण और सारण में केस ज्यादा मिल रहे। अधिकारियों ने बताया कि एक सप्ताह के बाद समीक्षा होगी, तब अतिरिक्त गाइडलाइंस जारी की जाएंगी।वहीं स्वास्थ्य विभाग के प्रधान सचिव ने बताया कि हम एक लाख से ज्यादा की टेस्टिंग रोज कर रहे हैं.