लोगों के पलायन पर भड़के नीतीश कुमार

पटना (संदीप फिरोजाबादी की रिपोर्ट) :- कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए भारत में लॉकडाउन की वजह से सभी यातायात बंद होने के कारण आवागमन पूरी तरह बंद हो चुका है सभी तरीके के पब्लिक ट्रांसपोर्ट, बस यहाँ तक कि ट्रेन सेवाएं भी बंद कर दी गयी हैं अब ऎसे में बाहरी राज्यों से आने वाले लोगों के पास पैदल चलने के अलावा और विकल्प नहीं बचा है. दिल्ली और उत्तरप्रदेश में रह रहे लोग अपने घरों तक पहुंचने के लिए यातायात नहीं होने के कारण पैदल ही निकल पड़े थे. लोगों की समस्या को देखते हुए उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दिल्ली और यूपी में बिहार या दूसरे राज्यों में रहने वाले लोगों के लिए विशेष बस की सुविधा देने और उन्हें उनके गंतव्य तक पहुंचाने की बात कही थी. जिसके बाद से उत्तरप्रदेश और दिल्ली से लगातार बड़ी संख्या में लोगों का बिहार के लिए पलायन जारी है. उत्तरप्रदेश और दिल्ली की राज्य सरकारों के इस कदम पर विरोध जताते हुए बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अन्य राज्यों के इस समय में इस तरह के निर्णय को गलत ठहराया है.

यू.पी., दिल्ली और अन्य राज्यों पर निशाना साधते हुए बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा है कि “इस तरह से विशेष बसों से लोगों को भेजना एक गलत कदम है और इ्ससे बीमारी और फैलेगी जिसकी रोकथाम और उससे निपटना सबके लिए मुश्किल हो जाएगा. उन्होंने कहा है कि जो जहां हैं उनके लिए वहीं उनके रहने और खाने-पीन की व्यवस्था की जानी चाहिए. नहीं तो विशेष बस से कहीं और भेजना लॉकडाउन को पूरी तरह से विफल कर देगा. इसीलिए जरूरी है कि जो जहां हैं वहीं रहें और उनकी व्यवस्था की जा रही है”.

बताते चलें दिल्ली और नॉएडा (यू.पी.) में बड़ी संख्या में बिहार के लोग नौकरी करते हैं लेकिन लॉक डाउन की घोषणा के बाद से हजारों की संख्या में लोग यातायात नहीं मिलने से पैदल ही हजारों किलोमीटर का सफर तय करने के लिए पैदल ही निकल पड़े हैं.  जिसको देखते हुए लोगों के लिए उत्तरप्रदेश की सरकार ने दो सौ बसों का इंतजाम किया है.