कोविड की तीसरी लहर को देखते हुए पूर्व मध्य रेल ने उठाए सभी सुरक्षात्मक उपाय

हाजीपुर (TBN – The Bihar Now डेस्क)| कोरोना के नए वैरिएन्ट ओमिक्रोन (Omicron, New variant of Corona) को ध्यान में रखते हुए पूर्व मध्य रेल (East Central Rail) ने कई जरूरी कदम उठाये हैं. किसी भी इमरजेन्सी से निपटने के लिए सभी रेल हॉस्पिटलों में अनुभवी चिकित्सक, नर्स एवं पैरामेडिकल स्टाफ चौबीसों घंटे तैनात किए गए हैं. इस बारे में जानकारी पूर्व मध्य रेल के सीपीआरओ, राजेश कुमार (ECR CPRO, Rajesh Kumar) ने दी है.

सीपीआरओ ने बताया कि दानापुर, सोनपुर, पंडित दीन दयाल उपाध्याय, सोनपुर एवं समस्तीपुर मंडल के मंडल रेल अस्पतालों एवं केन्द्रीय सुपर स्पैशलिटी अस्पताल, पटना में 500 लीटर प्रति मिनट क्षमता का ऑक्सीजन प्लांट लगा कर उन्हें शुरू कर दिया गया है, ताकि किसी भी परिस्थिति में हमेशा ऑक्सीजन उपलब्ध रहे.

बता दें, कोविड की तीसरी लहर को ध्यान में रखते हुये पूर्व मध्य रेल के महाप्रबन्धक अनुपम शर्मा ने सभी विभागाध्यक्षों और मंडल रेल प्रबंधकों को कोविड से रेलकर्मियों के बचाव हेतु सभी आवश्यक कदम उठाये जाने का दिशा-निर्देश जारी कर दिया है. महाप्रबंधक द्वारा सभी रेलवे चिकित्सालयों में चिकित्सा उपकरणों, दवाइयों आदि की उपलब्धता के साथ ही पर्याप्त संख्या में चिकित्सकों की तैनाती सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है.

सीपीआरओ ने बताया कि पूर्व मध्य रेल के लगभग 80 हजार रेलकर्मियों में से 78 हजार से अधिक रेलकर्मियों अर्थात लगभग 98 प्रतिशत कर्मचारियों को टीके के दोनों डोज लगाए जा चुके हैं. उन्होंने बताया कि ओमिक्रोन के खतरे को देखते हुए फ्रंट लाईन रेल कर्मचारियों को बुस्टर डोज देने सहित अन्य सभी सुरक्षात्मक कदम उठाए जा रहे हैं. पूर्व मध्य रेल में वर्तमान में कोविड-19 के एक्टिव मामलों की कुल संख्या 352 है.

सीपीआरओ के अनुसार, टीकाकरण के साथ-साथ पूर्व मध्य रेल ने अपने कर्मचारियों को कोविड-19 से बचाव और आपात स्थिति में उनके चिकित्सा के लिए कई कदम उठाये है. इस कड़ी में कोरोना संक्रमित मरीजों के इलाज के लिए छह रेलवे अस्पतालों को चिन्हित किया गया है जहां उनका उचित देखभाल एवं इलाज किया जाता है. इन अस्पतालों में कोविड-19 के मरीजों हेतु कुल 228 बेड, जिनमें से आइसीयू के 34 वेड एवं नन-आइसीयू के 194 वेड आरक्षित किये गये हैं.

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इन अस्पतालों में पर्याप्त संख्या में वेंटिलेटर भी उपलब्ध कराया गया है. इसके अलावा इन अस्पतालों में इलाज हेतु जरूरी मेडिसिन, ऑक्सीजन कंसेनट्रेटर, पीपीई किट, मास्क आदि की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की गयी है. इन हॉस्पिटलों में छोटे बच्चों के इलाज के लिए सभी जरूरी उपाय किये गए हैं. रेलकर्मियों के 15-18 आयुवर्ग के बच्चों के लिए कोविड टीकाकरण पर विशेष ध्यान केंद्रित किया जा रहा है.

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कोविड-19 के नये वैरिएंट से उचित तरीके से निपटने हेतु उपरोक्त उपायों के साथ ही रेलवे राज्य सरकारों के अधिकारियों के साथ निरंतर समन्वय बनाए हुए है. इसी कड़ी में राज्य सरकार द्वारा पूर्व मध्य रेल के स्टेशनों पर कोविड-19 की स्क्रीनिंग एवं जांच हेतु बूथ लगाए गये हैं जहां पर ट्रेनों से आने वाले यात्रियों की जांच की जा रही है. साथ ही ट्रेनों एवं स्टेशनों को सेनिटाइज किया जा रहा है. रेलवे स्टेशनों पर नियमित अन्तराल पर कोविड सम्बन्धी प्रोटोकॉल पालन करने हेतु उद्घोषणा की जा रही है. स्टेशन परिसर एवं ट्रेनों में मास्क पहनना अनिवार्य है. मास्क न पहनने पर जुर्माना भी लगाया जा रहा है.