इलेक्ट्रिक वाहन का उपयोग करने वालों को इनसेंटिव मिलना चाहिए – नीतीश

पटना (TBN रिपोर्टर) | उद्योग विभाग ने मंगलवार को 1, अणे मार्ग स्थित ‘संकल्प’ में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के समक्ष इलेक्ट्रिक व्हेकिल मैनुफैक्चरिंग पॉलिसी से संबंधित प्रेज़न्टैशन दिया. निवेश आयुक्त आर0एस0 श्रीवास्तव ने बिहार औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन नीति 2016 में संशोधन द्वारा इलेक्ट्रिक व्हेकिल को प्रमोट करने के लिये इस पॉलिसी के संबंध में विस्तृत जानकारी दी. नीति आयोग के निर्देश पर सभी राज्यों को इलेक्ट्रिक व्हेकिल पॉलिसी लाने को निर्देशित किया गया है. इसके अंतर्गत ग्रामीण क्षेत्र, शहरी क्षेत्र एवं पर्यटन के लिये विशिष्ट क्षेत्रों के लिये इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने के लिये कहा गया है.
इस प्रस्तुतीकरण के दौरान नीतीश कुमार ने कहा कि नीति बनाने के लिये व्यावहारिक पहलूओं को ध्यान में रखना होगा तथा बिहार के बैकग्राउण्ड को समझना होगा. कभी पटना का मुख्य सवारी रिक्शा हुआ करता था, जो गरीब लोग चलाते थे और यह आज भी उनकी आमदनी का एक महत्वपूर्ण साधन है. नीतीश ने कहा कि नीति ऐसी बने कि जिसमें लोगों को रोजगार का आधार बने और अधिक से अधिक लोगों को इसका फायदा मिले और पर्यावरण संरक्षित रहे. उन्होंने कहा कि बिहार में पर्यावरण के संरक्षण के लिये सरकार जल-जीवन-हरियाली अभियान चला रही है. सरकार सौर ऊर्जा को बढ़ावा दे रही है. नीतीश ने कहा कि वो खुद और उनके कुछ सहयोगी पटना में इलेक्ट्रिक वाहन से भ्रमण कर रहे हैं ताकि लोग इससे प्रेरित हो सकें. उन्होंने आगे कहा कि आज राज्य में व्यवसाय बढ़ा है तथा लोगों की क्रय शक्ति बढ़ी है. उनके अबूसार बिहार में उद्योग को बढ़ावा देने के लिये सरकार हरसंभव प्रयास कर रही है ताकि बिहार की औद्योगिक स्थिति बेहतर हो.
नीतीश ने कहा कि यदि कोई भी कम्पनी अगर वास्तव में यहाँ ई-रिक्शा का निर्माण करना चाहती है तो उसे बेनिफिट जरूर देना चाहिए तथा इसके खरीददारों को भी लाभ मिलना चाहिए. इलेक्ट्रिक वाहन का उपयोग करने वालों को इनसेंटिव मिलना चाहिए. उन्होंने बताया कि शहरों में बढ़ते प्रदूषण को ध्यान में रखते हुये कई कदम उठाये गये हैं जिसमें सी0एन0जी0 बस, सी0एन0जी0 ऑटो को प्रमोट करना महत्वपूर्ण कदम है. यहाँ सी0एन0जी0 स्टेशनों का निर्माण कराया जा रहा है. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ग्राम परिवहन योजनान्तर्गत इलेक्ट्रिक वाहनों को शामिल किया जा सकता है. शहरों के लिये नगर परिषद एवं नगर पंचायतों में भी इसे प्रोत्साहित करने के लिये कार्य करें. इलेक्ट्रिक वाहन के चार्जिंग स्टेशन के निर्माण के लिये भी योजना बनायें. ऊर्जा विभाग, उद्योग विभाग, परिवहन विभाग, नगर विकास विभाग एवं वित्त विभाग को इस संबंध में बैठक कर निर्णय लेना चाहिए.
इस प्रेज़न्टैशन बैठक में उद्योग मंत्री श्याम रजक, मुख्य सचिव दीपक कुमार, प्रधान सचिव पथ निर्माण अमृत लाल मीणा, प्रधान सचिव वित्त एस0 सिद्धार्थ, प्रधान सचिव ऊर्जा प्रत्यय अमृत, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव चंचल कुमार, प्रधान सचिव पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन दीपक कुमार सिंह, सचिव उद्योग नर्मदेश्वर लाल, सचिव नगर विकास एवं आवास आनंद किशोर, सचिव परिवहन संजय अग्रवाल, सचिव वित्त (व्यय) राहुल सिंह, मुख्यमंत्री के सचिव अनुपम कुमार, मुख्यमंत्री के विशेष कार्य पदाधिकारी गोपाल सिंह सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे.