राज्य में अबतक 23 मरीज हुए स्वस्थ, कोरोना संक्रमण के फैलाव पर अबतक प्रभावी रोक

पटना/गया (शिवांगनी नारायण) | गया के एक औऱ मरीज के ठीक होने के साथ ही बिहार में कोरोना से ठीक हुए मरीजों की संख्या 23 हो गयी है. बिहार के स्वास्थय मंत्री मंगल पांडेय ने बताया कि कोरोना से बचने के लिए सूबे में सोशल डिस्टेंसिंग का फार्मूला तेजी से काम कर रहा है. अभी तक 64 कोरोना पाजिटिव मरीजों में से 23 लोग कोरोना पर विजय प्राप्त कर पूरी तरह स्वस्थ हुए हैं और ऐसे कई मरीज हैं, जिनकी स्थिति में सुधार हो रहा है. एसकेएमसीएच, मुजफ्फरपुर को भी आईसीएमआर से कोरोना की जांच की अनुमति मिल गई है. शीघ्र ही ही वहां सैंपल जांच की प्रकिया शुरू हो जाएगी.

स्वास्थ्य मंत्री ने यह भी बताया कि सोशल डिस्टेंसिंग का ही परिणाम है कि सबसे अधिक घनत्व वाले राज्य में पॉजिटिव मरीजों की संख्या कम हैं. राष्ट्रीय स्तर पर भी जहां कोरोना के केस 4 दिनों में दोगुना होते थे, वहीं अब 6 दिनों में इतने मामले आ रहे हैं.

केंद्र और राज्य सरकार साथ-साथ मिलकर कोरोना महामारी को जड़ से उखाड़ फेंकने की दिशा में हरसंभव प्रयास कर रही है. इसलिए आमलोगों से भी यह अपील है कि वे केंद्र और राज्य सरकार के निर्देशों का पालन करें, ताकि अदृश्य और लाइलाज खतरनाक कोरोना वायरस बिहार में अपने पांव नहीं पसार सके.

उन्होंने जानकारी दी कि शनिवार को एनएमसीएच, पटना में चार मरीजों ने कोरोना को मात दी है, वहीं रविवार को एएनएमसीएच, गया के एक कोरोना पॉजिटिव की रिपोर्ट निगेटिव आई है. इसी प्रकार जेएलएनएमसीएच, भागलपुर में भर्ती एक पॉजिटिव मरीज की स्थिति में सुधार हो रहा है और उम्मीद है कि जल्द ही वे स्वस्थ होकर घर जाएंगे.

स्वास्थ्य मंत्री ने अपील की है कि ऐसे कोरोना संदिग्ध मरीज, जिन्हें सर्दी, खांसी और बुखार आती हो, वे अपनी जांच अवश्य करवायें और दूसरों को भी प्रेरित कर खुद को घर में क्वरांटाइन करें, ताकि कोरोना पर काबू पाने में हम सभी सफल हो सके.