जमानत मिलने पर रिया दूसरों को सतर्क कर सकती है: विशेष NDPS कोर्ट

मुंबई (TBN – The Bihar Now डेस्क) | सुशांत सिंह राजपूत की मौत से संबंधित ड्रग मामले में अभिनेत्री रिया चक्रवर्ती को जमानत देने से इनकार करते हुए मुंबई में एक विशेष (नारकोटिक्स ड्रग्स एंड साइकोट्रॉपिक सब्सटेंस एक्ट) अदालत ने कहा था कि अगर रिया जमानत पर रिहा हो जाती है तो वह दूसरों को सतर्क कर सकती है जिससे वे सबूत नष्ट कर सकते हैं.

अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश जीबी गुराओ ने 11 सितंबर को जमानत याचिका का निस्तारण करते हुए कहा कि जांच प्रारंभिक चरण में है और यदि आरोपी को जमानत पर रिहा किया जाता है तो वह अभियोजन साक्ष्य के साथ छेड़छाड़ कर सकती है.

अभियोजन पक्ष के अनुसार अभियुक्त रिया ने अन्य व्यक्तियों के नाम ले लिए हैं. उन व्यक्तियों के संबंध में जाँच अभी प्रक्रिया में है. यदि इस वक्त अभियुक्त रिया को जमानत पर रिहा किया जाता है, तो वह उन व्यक्तियों को सचेत कर देगी और वे सब सबूत नष्ट कर देंगे. इस प्रकार आदेश में सबूतों से छेड़छाड़ की संभावना व्यक्त की गई है.

विशेष एनडीपीएस (NDPS) अदालत के अनुसार अभियोजन पक्ष ने स्पष्ट किया है कि आरोपी रिया ने अपने घर से नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) कार्यालय तक जाने के लिए पुलिस सुरक्षा की मांग की थी, जिसके बाद एक महिला पुलिस को उसके साथ रख दिया गया था.

आदेश में कहा गया है कि “6, 7 और 8 सितंबर को आरोपी रिया का बयान दर्ज किया गया था. अभियोजन पक्ष ने उक्त बयान के आधार पर आरोपी रिया की भूमिका का खुलासा किया और उसके बाद उसे अपराध में गिरफ्तार किया गया. इसलिए, जब जांच प्रारंभिक स्तर पर है, तो यह नहीं कहा जा सकता है कि बयान को रिकॉर्ड में जबरदस्ती दर्ज किया गया है और वे सबूतों में अनुचित है”.

इसमें कहा गया है, “ऊपर वर्णित एनडीपीएस अधिनियम (NDPS Act) की धारा 27-ए, जो नशीली दवाओं की अवैध तस्करी के संबंध में है, के तहत दंडनीय अपराध के लिए निर्धारित सजा गैर-जमानती है”.

विशेष अदालत ने रिया की जमानत की सुनवाई में यह भी देखा कि जांच के दौरान एनसीबी ने व्हाट्सएप चैट और अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य बरामद किए हैं और आरोपी रिया के क्रेडिट कार्ड के माध्यम से कुछ पैसे ट्रांसफर किये गए है. जमानत याचिका रद्द करते हुए कोर्ट ने आदेश यह भी कहा कि एलएसडी (LSD) की एक वाणिज्यिक मात्रा आरोपी अनुज केशवानी से बरामद की गई थी.

रिया के अलावा, कोर्ट ने 11 सितंबर को रिया के भाई शोविक, अब्दुल बासित, ज़ैद विलात्रा, दीपेश सावंत और सैमुअल मिरांडा की जमानत याचिका भी खारिज कर दी थी, जिन्हें इस मामले में एनसीबी ने गिरफ्तार किया था.

रिया ने अपनी जमानत अर्जी में कहा था कि एनसीबी ने रिया चक्रवर्ती और किसी ड्रग पेडलर के बीच किसी संबंध का खुलासा नहीं किया है. रिया ने अपनी जमानत अर्जी में दावा किया है कि हिरासत के दौरान, उसे भ्रामक बयान देने के लिए मजबूर किया गया था और यह बयान 8 सितंबर को ही वापस ले लिया गया था.

Advertisements