सिर्फ चरवाहा विद्यालय खोलने वाले बन रहे किसानों के हमदर्द – सुशील मोदी

पटना (TBN – The Bihar Now डेस्क)| पूर्व उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा है कि सिर्फ चरवाहा विद्यालय खोलने वाले अब किसानों के हमदर्द बन रहे हैं. वे शनिवार को सीतामढी जिले के परिहार में किसान जागरुकता सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे.

उन्होंने सम्मेलन में कहा कि एनडीए की सरकार ने बिहार में 4 कृषि महाविद्यालय और एक नया कृषि विश्वविद्यालय स्थापित किया है. इसका उद्देश्य राज्य में खेती को उन्नत, वैज्ञानिक और लाभकारी बनाना है. इतना ही नहीं, राज्य के राजेंद्र कृषि विश्वविद्यालय को केंद्रीय दर्जा भी प्रदान किया है.

उन्होंने बताया कि पटना में पशु विज्ञान विश्वविद्यालय, नालंदा में उद्यान महाविद्यालय और किशनगंज में मात्स्यिकी महाविद्यालय स्थापित किया गया. उन्होंने कहा कि एनडीए सरकार ने राज्य में पहली बार कृषि रोडमैप लागू किया जिसके बाद अब जिले के एक महाविद्यालय में कृषि की पढाई शुरू की जा रही है.

किसान जागरुकता सम्मेलन में मोदी ने राजद-कांग्रेस पर किसानों को गुमराह करने का आरोप जड़ दिया. उन्होंने राजद-कांग्रेस से पूछा कि किसानों के हमदर्द बनने से पहले वो यह बताए कि उनलोगों ने अपने शासन काल में क्या किया?

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मोदी ने कहा कि राजद-कांग्रेस तो अपने शासन में सिर्फ चरवाहा विद्यालय खोलने और लाठी में तेल पिलावन रैली कराने में लगे थे. उन्हें किसानों की तो चिंता थी ही नहीं.

कृषि निवेश प्रोत्साहन नीति -2020 लागू करने की बात बताते हुए मोदी ने कहा कि इस नीति के अंतर्गत मखाना, फल, सब्जी, शहद, मक्का, बीज और चाय से जुडे उद्योग लगाने वालों को 15 से 30 प्रतिशत तक पूँजीगत अनुदान दिया जाएगा.

उन्होंने कहा कि जहां केंद्र सरकार के नये कृषि कानून से किसानों की आय बढेगी, बिचौलियों के शोषण से मुक्ति मिलेगी, वहीं राज्य सरकार की निवेश प्रोत्साहन नीति से ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर बढाने वाला निवेश बढेगा.