भाषणबाजी को लोग अब नहीं करेंगे बर्दाशत- कांग्रेस

पटना (TBN रिपोर्ट) | बिहार में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की रैली को लेकर लगातार सभी राजनीतिक दलों के बयान आ रहे हैं. इसी क्रम में अखिल भारतीय युवा कांग्रेस की बिहार इकाई के पूर्व प्रथम अध्यक्ष और पार्टी के वरिष्ठ नेता ललन कुमार ने कहा है कि राष्ट्रीय स्तर पर 2 लाख से ऊपर कोरोना संक्रमित और 5 हजार से ऊपर लोगो की मौत हो चुकी है जबकि बिहार में अबतक लगभग चार हजार लोग कोरोना से संक्रमित है और 24 लोगों की मौत हो चुकी है तथा लॉक डाउन की वजह से सडक़ और ट्रेन हादसे में 80 श्रमिकों की मौत हुई है. इस तरह की स्थिति में मोदी सरकार के छह साल पूरे होने पर जश्न मनाने तथा अमित शाह की वर्चुअल रैली करने का फैसला जनता खासकर गरीबों क्षमिको के प्रति उसके असंवेदनशील होने का प्रमाण है.

युवा कांग्रेस नेता ललन कुमार ने भाजपा से प्रश्न करते हुए पूछा कि आखिर किस बात का वह जश्न मनाना चाहती है. पिछले छह वर्षों में देश में सरकार के फैसलों से गरीबों, मजदूरों, किसानो, छात्रों, मध्यम वर्ग, निम्न मध्यम वर्ग के लोगो पर लगातार चोट किया गया है. मंहगाई और बेरोजगारी बढ़ी है तथा आम लोगों को अनेकों कठिनाई का सामना करना पड़ा है. ललन कुमार ने पूछा है कि क्या अमित शाह समेत उनके अन्य नेता वर्चुअल रैली के माध्यम से ऐसे लोगो की तकलीफों पर नमक छिडक़ना चाहते है.

ललन कुमार ने कहा कि भाजपा नेताओं को ऐसी महामारी से उत्पन्न स्थिति में राजनीतिक भाषणों के बजाय बिहार के गरीबों, प्रवासी श्रमिको, बेरोजगार युवकों के रोजगार के उपाय-प्रबंध और उनके खाते में तत्काल 10 हजार रूपये भेजने की व्यवस्था करनी चाहिए थी.

अखिल भारतीय युवा कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष ने कहा कि लोगों की तकलीफें कम करने की बजाए जश्न मनाना और भावी चुनाव को ध्यान में रखकर भाषणबाजी को लोग अब बर्दाशत नहीं करने वाले है.