NIOS से D.El.Ed. करने वाले बनेंगे सरकारी शिक्षक

पटना (TBN रिपोर्ट) | केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक ने गुरुवार को एनआईओएस से डीएलएड प्रशिक्षित शिक्षकों के लिए एक बड़ी खुशखबरी देने के साथ ही स्पष्ट करते हुए कहा है कि भारत सरकार ने एनआईओएस से डीएलएड किए हुए प्रशिक्षित शिक्षकों के हक में उचित फैसला लिया है. पटना हाई कोर्ट के फैसले को मानव संसाधन विकास मंत्रालय सम्मान देगा.

मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने गुरुवार को live प्रोग्राम रखा था जिसके दौरान बिहार के डीएलएड किए हुए शिक्षकों ने लाखों की संख्या में ट्वीट किये थे. इसी पर प्रतिक्रिया देते हुए मानव संसाधन विकास मंत्री पोखरियाल निशंक ने यह बातें कहीं.

मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक के इस वक्तव्य के बाद बिहार में एनआईओएस डीएलएड की हुए छात्रों में एक खुशी की लहर दौड़ गई है .

बता दें कि अवर सचिव डॉ. प्रभु कुमार यादव ने अपने पत्र में एनसीटीई के 23 अगस्त, 2010 और 29 जुलाई, 2011 के आदेश के अनुसार कहा है कि कक्षा एक से पांच और कक्षा छह से आठ में नियुक्ति के लिए वही अभ्यर्थी योग्य होंगे जिनके पास एलिमेन्ट्री एजुकेशन में दो वर्षीय डिप्लोमा (डीएलएड) की योग्यता होगी.

एनसीटीई ने यह भी कहा है कि एनआईओएस ने एनआरसी और एनसीटीई के 22 सितम्बर, 2017 के आदेश से सरकारी, प्राइवेट और अनुदानित प्रारंभिक विद्यालयों में कार्यरत अप्रशिक्षित शिक्षकों के लिए 18 महीने का डीएलएड प्रोग्राम आयोजित किया था।

एनआईओएस डीएलएड प्रशिक्षित शिक्षक संघ के नेता पप्पू कुमार ने मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक के स्पष्ट बयान के बाद खुशी जाहिर करते हुए कहा कि अब बिहार सरकार को भी अपने फैसले पर पुनर्विचार करना चाहिए और अब भारत सरकार, पटना हाई कोर्ट और त्रिपुरा हाई कोर्ट के फैसले का सम्मान करना चाहिए.

पप्पू कुमार ने कहा कि अब बिहार सरकार को जो छठे चरण की बहाली प्रक्रिया चल रही है उसमें एनआईओएस डीएलएड किए हुए छात्रों को भी शामिल करना चाहिए.

डीएलएड प्रशिक्षित शिक्षक संघ के नेता पप्पू कुमार ने कहा कि हम लोग पहले से ही बच्चों को पढ़ा रहे थे अगर बिहार सरकार हम सबको नियोजन प्रक्रिया में शामिल करती है तो आने वाले भविष्य को सुधारने में मदद करेंगे

बताते चलें कि आज मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियाल निशांक भारत के सभी शिक्षकों को ऑनलाइन संबोधित कर रहे थे. इसी दौरान बिहार के प्रशिक्षित शिक्षकों ने भी अपनी अपील की. जिसका संज्ञान लेते हुए मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियाल निशांक ने अपनी प्रतिक्रिया देते हुए स्पष्ट किया है.