प्रतिमाह 5 हजार रूपये मुआवजा देकर मजदूरों का पलायन रोके सरकार : मु‍केश सहनी

पटना (TBN डेस्क) | विकासशील इंसान पार्टी के राष्‍ट्रीय अध्यक्ष मुकेश सहनी ने कहा है कि पूरे देश में मजदूर वर्ग वैश्विक महामारी कोरोना से सबसे ज्यादा तकलीफ में हैं. बाहर रह रहे बिहारी मजदूर लॉकडाउन के दौरान वापस अपने प्रदेश लौटे हैं लेकिन बिहार सरकार ने इन्हें रोजगार देने में बिल्कुल असफल रही है.

सहनी ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा है कि अपने राज्य में अभी तक रोजगार नहीं मिलने के कारण इन मजदूर भाई-बहनों को इसका नतीजा भुगतना पड़ रहा है. उन्होंने कहा कि अब ये मजदूर कोरोना के इस भयंकर महामारी काल के बीच ही रोजगार ना होने के कारण राज्य से पलायन कर एक बार फिर से जान की बाजी लगाकर महानगरों की तरफ जा रहे हैं.

सहनी ने मुख्‍यमंत्री पर मजदूरों को होने वाली समस्या को नजरअंदाज करने का आरोप लगते हुए कहा है कि वे मजदूरों की चिंता छोड़ लगातार वर्चुअल सम्मेलन कर रहे हैं. आने वाले चुनाव के कारण नीतीश कुमार चुनावी चाल चल रहे हैं. वे रोज बड़ी-बड़ी परियोजनाओं का शिलान्यास कर रहे हैं, लेकिन हमारे राज्य के अधिकतर गरीब मजदूर भाई-बहनों की समस्याओं की सुध भी नहीं ले रहे है.

आरोपों की झड़ी लगते हुए सहनी ने कहा कि नीतीश कुमार राज्य में मजदूरों को रोजगार मुहैया करवाने की सिर्फ बड़ी-बड़ी बातें करते हैं लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है.

उन्होंने राज्य सरकार से अपील की है कि इस कठिन परिस्थिति में गरीब मजदूरों को रोजगार की व्यवस्था राज्य में ही करवाया जाए. इससे राज्य के मजदूरों को इस भयंकर महामारी के दौरान किसी अन्य राज्य में जाकर रोजी रोटी के लिए भटकना नहीं पड़ेगा. उन्होंने सरकार से इन मजदूरों को 5000 रूपये प्रतिमाह मुआवजा देने का भी अनुरोध किया.