लवली ने लगाया गंभीर आरोप, कहा मेरे पति की जान खतरे में

पटना (TBN – The Bihar Now डेस्क) | विधानसभा चुनाव में अब हफ्ते से भी काम वक्त बाकी है. सभी पार्टियों ने अपनी कमर कस ली है तथा एक-के-बाद एक सभी पार्टियां अपने-अपने घोषणा पत्र जारी कर रही है. वहीं दूसरी तरफ राजनैतिक पार्टियों में आरोप प्रत्यारोप का सिलसिला भी जारी है. ऐसा ही एक मामला एक मामला बिहार के सहरसा जिले से आया है.

पूर्व सांसद आनंद मोहन को बिहार सरकार के आदेश पर मंडल कारा, सहरसा से भागलपुर सेंट्रल जेल भेजा गया. यहां आनंद मोहन को तृतीय खंड में रखा गया है. इसी बात को लेकर वो तीन दिन से आमरण अनशन पर बैठे है. इस संबंध में उनकी पत्नी लवली आनंद, जो सहरसा विधानसभा से महागठबंधन की उम्मीदवार हैं, ने मीडिया से कहा की बिहार सरकार उनके जान के पीछे पड़ गई है.

उन्होंने कहा कि 14 साल का समय चला गया और हम, हमारे बच्चे, हमारे समर्थक बाहर हैं. हम सभी न्याय का इंतजार कर रहे हैं. लेकिन हमारे पति को जान से मारने की साजिश रची जा रही है. रात के अंधेरे में 2 बजे सरकार के आदेश से सहरसा जेल से दूसरे जेल भेजा गया. ये किस आधार पर किया गया. मैं पूछना चाहती हूं कि आखिरकार चुपके से किस आधार पर आनंद मोहन जी को सहरसा जेल से भागलपुर जेल भेजा गया?

लवली आनंद ने कहा, ” सुप्रीम कोर्ट के आदेश के अनुसार जो एमपी / एमएलए का जो कोर्ट होता है, जिसका ट्राइल जहां चलता है, उसे वहीं रखा जाता है. उनका ट्रायल सहरसा में चल रहा है. ऐसे में उनको भागलपुर लेकर जाना हैवानियत है”. उन्होंने कहा, हमें पता चला है कि उनको जाने के साथ ही सेल में डाल दिया गया है, ऐसे में वो तीन दिन से अनशन पर हैं. सरकार उनके जान के पीछे पड़ गई है. ये सरकार ड्रामा कर रही है और मेरे पति को मारने की साजिश कर रही है.