नीतीश को संवेदनहीन कहने पर PK पर जदयू का हमला

पटना (TBN रिपोर्ट) | कोरोना के संकट से जूझ रही बिहार सरकार पर एक बार फिर निशाना साधते हुए प्रशांत किशोर ने नीतीश सरकार से सवाल किया है कि आखिर बिहार में कोरोना जांच इतना कम क्यों हो रहा है.

प्रशांत किशोर ने बिहार सरकार को संवेदनहीन और उदास बताया है. इसके साथ ही कहा है बिहार में कोरोना जांच दर देश भर में सबसे निचले पायदान पर है. नीतीश सरकार के ऊपर लगातार हमले कर रहे प्रशांत किशोर ने अपने ट्वीटर के माध्यम से ट्वीट कर लिखा है कि

 ‘करोना संकट के इस दौर में अपने उदासीन और संवेदनहीन नेतृत्व से देश भर को स्तब्ध कर देने वाले नीतीश कुमार के प्रयासों से बिहार करोना टेस्टिंग के मामले में भी देश के सभी राज्यों में सबसे निचले पायदान पर पहुँच गया है. बिहार में प्रति दस लाख टेस्टिंग की दर देश 1410 के मुक़ाबले 330.’

प्रशांत किशोर के हमले का पलटवार में जदयू प्रवक्ता अरविंद निषाद ने कहा कि पीके बेतुके ट्वीट से चर्चा में बने रहना चाहते हैं. कोरोना संकट में बिहार के काम को राष्ट्रीय स्तर पर सराहना की जा रही है. बिहार मॉडल की चर्चा की जा रही है. अरविंद निषाद ने पीके के ट्वीट के जवाब में लिखा कि ‘कोरोना संकट के इस दौर में नीतीश कुमार जी के कार्यों को राष्ट्रीय स्तर पर सराहा जा रहा है.कोरोना काल मे बिहार मॉडल की चर्चा हो रही है.और आप है कि अपने बेतुके ट्वीट से चर्चा में रहने के लिए आदतन बीमार बने हुए हैं. PKT की खेल बिहार की जनता खूब समझती है.’

प्रशांत किशोर के ट्वीट पर पलटवार करते हुए निखिल आनंद ने कहा कि तेजस्वी से दोस्ती क्या हुई आप भी उल्टा पुल्टा आंकड़ा देने लगे. निखिल ने अपने ट्वीट में लिखा कि;

 ‘संगत से गुण होत हैं संगत से गुण जात.

मतलब तेजस्वी यादव से यारी क्या हुई आप तो आकड़े भी उसी के तरह बिना पढ़े-लिखे देने लगे. नीतीश कुमार जी ने प्रशांत किशोर को पढ़ा लिखा समझा था,पर ट्वीट देख कह सकता हूँ :-

राम मिलाई जोड़ी एक अंधा एक कोढ़ी.

अब तो तेजस्वी को भगवान ही बचाए..!!’