खराब कानून-व्यवस्था पर बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष के फ़ेसबुक पोस्ट पर मचा सियासी बवाल

बेतिया / पटना (TBN – The Bihar Now डेस्क) | शुक्रवार को बिहार के सियासी महकमों में बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष डॉ संजय जायसवाल के एक टिप्पणी ने बवाल खड़ा कर दिया है. बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष ने शुक्रवार को सोशल मीडिया पर राज्य की कानून व्यवस्था को लेकर टिप्पणी की है.

इन दिनों विपक्ष राज्य की लगातार बिगड़ रही कानून-व्यवस्था को लेकर विपक्ष नीतीश सरकार को अक्सर घेर रही है. इस व्यक्त बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष के इस व्यक्तव्य ने राजनीतिक गलियारों में बवाल मचा दिया है.

दरअसल, डॉ संजय जायसवाल ने अपने फेसबुक वॉल पर लिखा, “सुबह बेतिया से पटना की ओर चला हूं. रास्ते में सेमरा में जनता ने सड़क जाम किया था. उनसे मिलने पर पता चला कि सेमरा में आए दिन चोरी हो रही है और आज जब गांव वालों ने चोर को पकड़ने का प्रयास किया तो वह मोटरसाइकिल छोड़कर भागने में सफल हुआ. तुरकौलिया थाना प्रभारी को फोन किया गया तो उल्टे में वह गांव वालों को धमकाने लगा कि हम आएंगे तो तुम ही लोगों को गिरफ्तार करेंगे”.

संजय जायसवाल ने आगे लिखा, “पूर्वी चंपारण के थानों में बहुत अव्यवस्था हो गई है. रक्सौल से लेकर मोतिहारी तक लगातार अपराध की घटनाएं हो रही हैं और मोतिहारी पुलिस प्रशासन अपराधियों को पकड़ने में अक्षम सिद्ध हो रहा है. रक्सौल हत्याकांड के बारे में भी मैंने बात की थी पर नतीजा अभी तक नहीं निकला. मैं आज स्वयं डीजीपी से मिलकर पूर्वी चंपारण जिले के कानून व्यवस्था के बारे में बात करूंगा”.

बीजेपी के प्रदेश द्वारा अपनी ये नाराजगी सोशल मीडिया पर सरेआम जाहिर कर जिन शब्दों में अपने गुस्से का इजहार किया है वह अपनी ही सरकार को कोसने के समान है. इस मसले पर कांग्रेस ने भाजपा और नीतीश सरकार पर जोरदार हमला बोला है. कांग्रेस प्रवक्ता प्रेमचंद्र मिश्रा ने हमला बोलते हुए कहा कि भाजपा प्रदेश अध्यक्ष के द्वारा अपनी ही सरकार के ध्वस्त हो चुके कानून व्यवस्था पर सवाल खड़ा करना अपने आप में पाखंड है.

उन्होंने बीजेपी के बारे में कहा कि वह अपने इशारों पर जदयू को नचा रही है. मिश्रा ने कहा कि आज नीतीश कुमार की कार्यशैली और उनकी लचर कानून व्यवस्था को लेकर सहयोगी दल सवाल उठा रहे हैं. उन्होंने आगे कहा कि यदि डॉ संजय अपने फ़ेसबुक पर लिखते हैं कि राज्य में कानून व्यवस्था खत्म हो गई है, बिहार में कानून का राज खत्म हो गया है, डीजीपी से मिलेंगे, तो वह डीजीपी से क्यों मिलेंगे. उनके अपने दो-दो डिप्टी सीएम हैं, आप सीएम नीतीश कुमार से मिलिए.

प्रेमचंद्र मिश्रा ने आगे कहा, बिहार में अपराधियों ने जो तांडव मचा रखा है इससे लोगों का जीना मुहाल है. कहीं कानून का राज दिखता नहीं है. फेसबुक पर लिखने और बयान देने से क्या होगा? यह सामूहिक जिम्मेदारी है. अगर बिहार के लोगों के जान-माल के साथ खिलवाड़ हो रहा है तो भाजपा और जदयू दोनों इसके लिए समान रूप से जिम्मेदार है. भारतीय जनता पार्टी ढोंग और पाखंड करना छोड़े, इसी में उनकी भलाई है.

वहीं राजद के प्रवक्ता मृत्युंजय तिवारी ने कहा, अब तक तो नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ही सरकार पर सवाल खड़े कर रहे थे कि बिहार में अपराधी राज कायम है और अपराधियों का मनोबल बढ़ा हुआ है. अब इस बात की पुष्टि तो बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष संजय जायसवाल ही कर रहे हैं. आपराधिक घटनाओं में बढ़ोतरी है यह बता रही है कि तेजस्वी जो सवाल खड़े कर रहे हैं वे सही हैं.

मृत्युंजय तिवारी ने आगे कहा, दरअसल बीजेपी मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर दबाव बनाना चाहती है क्योंकि गृह विभाग नीतीश कुमार के पास है. इसलिए संजय जायसवाल ने सोची-समझी रणनीति के तहत ही यह बात कही है कि बिहार में आपराधिक घटनाओं में बढ़ोतरी हुई है. इसका जवाब मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को स्वयं ही देना चाहिए.

इस पर भाजपा प्रवक्ता प्रेम रंजन पटेल ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने कहा, डॉक्टर संजय जायसवाल बेतिया से पटना आ रहे थे. सड़क जाम में फंसे वहां लोगों से बात करना पर उनको जानकारी मिली कि लगातार चोरी की घटनाएं हो रही हैं. प्रशासन के लोग कार्रवाई नहीं करते हैं. सूचना देने वालों को ही धमकाने का काम करते हैं. प्रेम रंजन पटेल ने आगे कहा कि संजय जायसवाल ने चिंता प्रकट की है. सरकार की नीति है कि अपराधियों और अपराध के खिलाफ जीरो टॉलरेंस. जाहिर है उस नीति को अब जमीन पर उतारना पड़ेगा. खुद संजय जायसवाल डीजेपी से मिलकर इन बातों को रखने का काम करेंगे.