पटना की स्पाइडर बहनें, बिना सहारे चढ़ती हैं चिकने ग्रेनाइट पिलर पर

पटना (TBN – The Bihar Now डेस्क)| पटना की दो ऐसी बहनें जिन्होंने वह टैलेंट कर दिखाया जिसके लिए लोगों को महीनों प्रैक्टिस में लग जाते हैं. राजधानी पटना के दानापुर में 11 वर्ष की अक्षिता और 9 वर्ष की कृपिता दीवारों पर और घर की पाया पर इस कदर चढ़ती हैं जैसे स्पाइडर मैन (Spider Girls of Patna) बिना किसी सहारे के पाया पर चलता हैं.

घर के 12 फीट के पाया, जो चिकने ग्रेनाइट से बना है और जिस पर हाथ ठहरना भी मुश्किल है, पर अक्षिता और उनकी बहन कृपिता बिना किसी सहारे के धड़ाधड़ चढ़ जाती हैं. इसे देख कर हर किसी ने अपनी दांतो के तले उंगलियां दबा ली है. अक्षिता जिसकी उम्र अभी मात्र 11 वर्ष की है और कृपिता जो 9 वर्ष की है, दोनों बहन पटना के संत करेंस स्कूल में पढ़ती हैं. इन दोनों बहनों ने बिना किसी प्रशिक्षण के स्पाइडर मैन की तरह चढ़ना सीख लिया हैं और ये 12 फिट का पिलर भी कम पर रहा है दोनों बहनों के लिए.

अक्षिता बताती हैं कि उन्होंने घर में जब उनके माता-पिता नहीं थे तो अचानक दीवाल पर चढ़ने की कोशिश की और फिर उस पर तेजी से चलना शुरू कर दिया. जब मां पिता ने उनके इन दृश्य को देखा तो वह भी आश्चर्यचकित रह गए. पहले तो उन्होंने अपनी बेटियों को ऐसा करने से मना किया और कहा कि यह काफी जोखिम भरा काम है.

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लेकिन अक्षिता ने अपना रिहर्सल मां और पिता के अनुपस्थिति में जारी रखा और आज वह घर के दीवारों की पाया पर इस कदर चढ़ती हैं जैसे स्पाइडर मैन चलता है. उसका कहना है कि वह बड़ा होकर हिमालय पर्वत पर भी चढ़ना सीखेगी. वही छोटी बहन कृपिता ने बताया कि वह अपनी बड़ी बहन अक्षिता से प्रेरित होकर वो भी पिलर पर चढ़ना सीखा है.

दोनों के पिता अजीत कुमार गुप्ता का यह मानना है कि उन्हें उनकी बेटियों के इस टैलेंट पर काफी गर्व है और वे चाहते हैं कि आगे चलकर उनकी बेटियां यह 12 फीट ही नहीं बल्कि हिमालय की ऊंची चोटियों पर चढ़कर बिहार का परचम लहराए.

वहीं मां संगीता गुप्ता का यह मानना है कि बचपन से ही उनकी दोनों बेटियां काफी टैलेंटेड रही है. इन्हें कभी-कभी तो इस बात का डर भी लगता था कि ग्रेनाइट के दीवार पर चढ़ने में कहीं वो गिर ना जाए. लेकिन आज वे अपनी बेटियों पर गर्व करती हैं और कहती हैं कि आगे चलकर दोनों बेटियाँ उनका नाम रौशन करेंगी. एक दिन उनकी बेटियां हिमालय पर्वत की चोटियों पर भी चलेगी.