लखीसराय पुलिस ने हार्डकोर नक्सली को किया गिरफ्तार

लखीसराय (संदीप फिरोजाबादी की रिपोर्ट) | बिहार पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है. लखीसराय पुलिस के द्वारा नक्सली संगठन भाकपा (माओवादी) का सक्रिय सदस्य जय पासवान उर्फ अशोक पासवान को छापेमारी कर गिरफ्तार कर लिया गया है. जमुई जिला के गिद्धौर थाना क्षेत्र के तड़ी पहाड़पुर का रहने वाले जय पासवान के पिता का नाम केशो पासवान है. यह संग्रामपुर (मुंगेर) क्षेत्र के नक्सली संगठन भाकपा (माओवादी) के पूर्व में एरिया कमांडर रह चुका है. पुलिस जय पासवान की मुंगेर एवं लखीसराय जिले के 7 नक्सली वारदातों में तलाश कर रही थी.

गिरफ्तार नक्सली जय पासवान के बारे में बताते हुए पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार ने बताया कि “पुलिस को हार्डकोर नक्सली जय पासवान के चानन थाना क्षेत्र अंतर्गत महेशपुर गांव में छिपे होने की सूचना मिली. इसके बाद अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी रंजन कुमार के नेतृत्व में गठित छापामारी दल ने वहां जाकर अरूण पासवान के घर से जय को गिरफ्तार कर लिया. हालांकि पुलिस को कोई आपत्तिजनक सामान नहीं मिला है”. इसके साथ ही पुलिस अधीक्षक ने बताया कि “नक्सली जय पासवान की पीरी बाजार थाना कांड संख्या 115/19 एवं 83/19, लड़ैयाटांड (मुंगेर) थाना कांड संख्या 36/19, हवेली खडग़पुर (मुंगेर) थाना कांड संख्या 04/05, 33/10 एवं 170/18 एवं संग्रामपुर (मुंगेर) थाना कांड संख्या 76/09 में तलाश थी”.

नक्सली को पकड़ने गए छापामारी दल में सूर्यगढ़ा थानाध्यक्ष चंदन कुमार, कबैया थानाध्यक्ष राजीव कुमार, पीरीबाजार थानाध्यक्ष गजेंद्र कुमार, तकनीकी शाखा के सहायक अवर निरीक्षक शशिभूषण, सिपाही विभूति कुमार, जमुई के 207 कोबरा बटालियन एवं सीआरपीएफ के पदाधिकारी एवं पुलिस के जवान भी शामिल थे.

जय पासवान की गिरफ्तारी के बाद उसने पुलिस के सामने बांका, मुंगेर, जमुई एवं लखीसराय जिले के 12 नक्सली वारदातों में शामिल होने की बात कबूल की है. इसके साथ ही उसने यह भी कबूल किया है कि वह नक्सली संगठन भाकपा (माओवादी) का सक्रिय सदस्य है और संगठन के शीर्ष नेताओं के निर्देश पर वह लेबी वसूली करने के साथ-साथ संगठन को मजबूत बनाने के लिए युवाओं को जोडऩे का कार्य भी कर रहा था. जय पासवान ने पुलिस को बताया कि वह पुलिस से बचने के लिए वह अपने संबंधी के यहां छिपकर जिंदगी गुजार रहा था.