जामिया में गोलीबारी

“हिन्दू, मुस्लिम, सिक्ख, ईसाई, सब आपस में भाई-भाई ”
“मज़हब नहीं सिखाता आपस में बैर रखना”

अब तो ऐसा लगता है मानो ये नारे बस सिर्फ नारे बनकर ही रह गए हैं। कुछ लोगों की मानसिकता इस स्तर तक गिर चुकी है कि उनके लिए इंसानियत से बढ़कर धर्म हो गया है। शाहीन बाग का मास्टर माइंड देश को बाँट देने वाले विवादित बयान के बाद से चर्चा में आये शरजील इमाम की गिरफ्तारी के बाद आज गुरूवार को जामिया नगर में एक शख्स ने अचानक से गोलीबारी कर दी। पुलिस ने आरोपी को तुरंत गिरफ्तार कर लिया। आरोपी का नाम गोपाल है। इससे साबित होता है कि किसी भी तरह का साम्प्रदायिक दंगा भड़काने में धर्म नहीं बल्कि मानसिकता जिम्मेदार है।

जामिया नगर में गोलीबारी करने वाले युवक के बारे में जब जांच पड़ताल की गयी तो पता चला कि ये युवक ग्रेटर नोएडा के जेवर का रहने वाला 12वीं का छात्र है जिसका नाम गोपाल है। हमला करने से पहले वो फेसबुक पर लगातार पोस्ट डालकर ये चेतावनी दे रहा था
गोपाल की फेसबुक पोस्ट के अनुसार –

28 जनवरी की पोस्ट में उसने लिखा कि “31 जनवरी तक उसके पोस्ट को कोई नजरअंदाज ना करे।”
अगली पोस्ट में उसने लिखा कि ” मेरी अंतिम यात्रा पर मुझे भगवा में ले जायें और जय श्री राम के नारे हों ।
फेसबुक के दोस्तों से कहा है कि उसके परिवार का ध्यान रखा जाए। गोपाल ने एक अन्य पोस्ट में लिखा “।।शाहीन भाग।।।।खेल खत्म।”

गोपाल की फेसबुक पोस्ट में इस बात भी जिक्र किया गया है कि वो चंदन का बदला लेने जा रहा है। 2018 में गणतंत्र दिवस पर यूपी के कासगंज जिले में एक रैली के दौरान आपस में साम्प्रदायिक झगड़ा हो गया था जिसमे चंदन गुप्ता नाम के युवक की हत्या कर दी गई थी।

गोलीबारी की वायरल वीडियो की अनुसार –

जामिया इलाके में सीएए के विरोध में प्रदर्शन चल रहा था तभी अचानक से एक युवक आता है हाथ में पिस्टल लहराते हुए जोर जोर से चिल्लाने लगता है “मैं तुम्हे आजादी दिलाता हूं।” “दिल्ली पुलिस जिंदाबाद, जामिया मिलिया मुर्दाबाद”। शख्स की गोली से विरोध प्रदर्शन में शामिल जामिया का एक छात्र घायल हो गया है। जिसका अस्पताल में इलाज़ चल रहा है ।