बोगस फर्म से करोड़ों के खरीद का पर्दाफाश, कई बड़े ठेकेदारों के विरुद्ध कार्रवाई

पटना (TBN – The Bihar Now डेस्क)| वाणिज्य कर विभाग ने शनिवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए राज्य के अनेक ठेकेदारों द्वारा किये गए फर्ज़ीवाड़े का (Commercial Tax Department exposed fraud committed by many contractors of Bihar) पर्दाफाश किया. इसकी जानकारी रविवार को बिहार सरकार के सूचना व जनसम्पर्क विभाग (Department of Information and Public Relations, Bihar) ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर दी है.

विभाग ने एक सिंडिकेट में शामिल अनेक ठेकेदारों का निरीक्षण किया जो फ़र्ज़ी खरीद के आधार पर करोड़ों के राजस्व की अपवंचना में संलिप्त थे. इस सिंडिकेट का किंगपिन गया में अवस्थित था जिसने दिल्ली एवं उत्तर प्रदेश के दो फर्मों से लगभग रू० 72 करोड़ का फ़र्ज़ी खरीद दर्शा रखी थी.

विभागीय कार्रवाई में गया की यह फर्म अस्तित्वहीन (non-existent) तथा बोगस पायी गयी. गया के इस अस्तित्वहीन फर्म ने राज्य की लगभग 131 फर्मों को बिटुमिन, सीमेंट आदि की बिक्री दर्शा रखी है.

वाणिज्य कर आयुक्त सह सचिव के निर्देश पर गठित दलों के द्वारा शनिवार 12 फरवरी को गया में 03, पटना में 04, सुपौल 01 तथा बेगूसराय में 02 कुल दस स्थान पर ऐसे बड़े ठेकेदारों के विरुद्ध निरीक्षण की कार्रवाई की गई जिन्होंने गया की उक्त बोगस फर्म से करोड़ों की खरीद दर्शायी हुई थी.

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निरीक्षण के क्रम में पाया गया कि ऐसी 10 फर्मों ने गया की उक्त फ़र्ज़ी फर्म से करीब रु० 48 करोड़ की कागज़ी खरीद दर्शा रखी थी. जांच के क्रम में पाया गया कि बिटुमिन की न तो वास्तविक आपूर्ति हुई और न ही किसी रकम का भुगतान हुआ.

जांच के क्रम में पटना की एक फर्म द्वारा कर एवं ब्याज कुल रू० 52 लाख की पूरी रकम का कैश के द्वारा तत्काल भुगतान भी कर दिया गया जबकि एक फर्म द्वारा रू० 20 लाख का आंशिक भुगतान किया गया.

आयुक्त सह सचिव (Commissioner cum Secretary) ने बताया कि इस सिंडिकेट में शामिल सभी ठेकेदारों के विरुद्ध विभाग द्वारा कठोर कार्रवाई की जाएगी और कर भुगतान नही किये जाने की स्थिति में अरेस्ट करने जैसे कदम भी उठाए जा सकते हैं.

(इनपुट-एजेंसी)